कौशल, इंटर्नशिप से विधि विद्यार्थियों के लिए करियर की संभावनाएं : प्रो. प्रदीप कुमार
कौशल, इंटर्नशिप से विधि विद्यार्थियों के लिए करियर की संभावनाएं : प्रो. प्रदीप कुमार
जौनपुर,06 अगस्त। यूपी के जौनपुर स्थित वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय के दत्तोपंत ठेंगड़ी विधि संस्थान में बी.ए. एलएल.बी. (ऑनर्स) प्रथम सेमेस्टर के नवप्रवेशी विद्यार्थियों के लिए आयोजित तीन दिवसीय इंडक्शन प्रोग्राम का समापन गुरुवार को हुआ। कार्यक्रम के अंतिम दिवस विद्यार्थियों को विधि शिक्षा में करियर की संभावनाओं, व्यक्तित्व विकास तथा मानसिक स्वास्थ्य के महत्व से अवगत कराया गया।
कार्यक्रम के प्रथम सत्र में विश्वविद्यालय के ट्रेनिंग एवं प्लेसमेंट सेल के समन्वयक प्रो. प्रदीप कुमार ने "बी.ए. एलएल.बी. (ऑनर्स) के पश्चात करियर एवं रोजगार की संभावनाएं" विषय पर व्याख्यान देते हुए कहा कि विधि शिक्षा केवल डिग्री प्राप्त करने तक सीमित नहीं है, बल्कि न्यायपालिका, प्रशासन, कॉर्पोरेट क्षेत्र और समाज सेवा में नेतृत्व स्थापित करने का सशक्त माध्यम है। उन्होंने विद्यार्थियों से अध्ययन के साथ-साथ इंटर्नशिप, मूट कोर्ट, विधिक शोध, ड्राफ्टिंग तथा प्रभावी संचार कौशल विकसित करने का आह्वान किया, जिससे राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर रोजगार और करियर के बेहतर अवसर प्राप्त किए जा सकें।
उन्होंने न्यायिक सेवा, अधिवक्ता के रूप में वकालत, लोक अभियोजक, सरकारी विधि अधिकारी, कॉर्पोरेट लॉ, बैंक एवं सार्वजनिक उपक्रमों में विधि अधिकारी, राष्ट्रीय एवं राज्य आयोगों, संघ एवं राज्य लोक सेवा आयोग के माध्यम से प्रशासनिक सेवाओं, विधिक शोध एवं शिक्षण, लीगल कंसल्टेंसी, आर्बिट्रेशन एवं मेडिएशन, कंपनी सेक्रेटरी, भारतीय सेना की जेएजी (जज एडवोकेट जनरल) शाखा तथा भारत और विदेश की प्रतिष्ठित लॉ फर्मों एवं उच्च शिक्षण संस्थानों में उपलब्ध करियर के अवसरों की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने कहा कि विधि के क्षेत्र में निरंतर सीखने की प्रवृत्ति, व्यावहारिक अनुभव और कौशल विकास सफलता की कुंजी हैं।
द्वितीय सत्र में विश्वविद्यालय के इंडोर स्टेडियम में हैप्पीनेस एवं मेडिटेशन कार्यक्रम आयोजित किया गया। योग, ध्यान एवं प्रेरक गतिविधियों के माध्यम से विद्यार्थियों को मानसिक एकाग्रता, सकारात्मक सोच, आत्मविश्वास तथा स्वस्थ जीवनशैली का महत्व बताया गया। विद्यार्थियों ने पूरे उत्साह के साथ कार्यक्रम में सहभागिता की।
तीन दिवसीय इंडक्शन प्रोग्राम का उद्देश्य नवप्रवेशी विद्यार्थियों को विश्वविद्यालय के शैक्षणिक वातावरण, उपलब्ध संसाधनों, करियर की संभावनाओं तथा व्यक्तित्व विकास से परिचित कराना था। कार्यक्रम के माध्यम से विद्यार्थियों को अनुशासन, नेतृत्व क्षमता, सकारात्मक दृष्टिकोण एवं व्यावसायिक कौशल विकसित करने के लिए प्रेरित किया गया।
कार्यक्रम के सफल आयोजन में संस्थान के विभागाध्यक्ष एवं निदेशक प्रो. विनोद कुमार, डॉ. अनुराग मिश्र, डॉ. प्रियंका कुमारी, डॉ. वनिता सिंह, जय सिंह, विकास सिंह सहित संस्थान के समस्त शिक्षकों एवं कर्मचारियों का महत्वपूर्ण सहयोग रहा।