प्रो. अखिलेश सिंह ने मुक्त विश्वविद्यालय के कुलपति का अतिरिक्त कार्यभार संभाला

शैक्षणिक गुणवत्ता बढ़ाने और डिजिटल शिक्षा को आसान बनाने पर रहेगा जोर

प्रो. अखिलेश सिंह ने मुक्त विश्वविद्यालय के कुलपति का अतिरिक्त कार्यभार संभाला

प्रयागराज, 14 अगस्त । प्रोफेसर राजेंद्र सिंह रज्जू भैया विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. अखिलेश सिंह ने शुक्रवार को उत्तर प्रदेश राजर्षि टंडन मुक्त विश्वविद्यालय के कुलपति पद का अतिरिक्त कार्यभार संभाल लिया। राज्यपाल एवं विश्वविद्यालय की कुलाधिपति आनंदीबेन पटेल ने उन्हें यह अतिरिक्त जिम्मेदारी सौंपी है। विश्वविद्यालय पहुंचने पर अधिकारियों, शिक्षकों और कर्मचारियों ने उनका स्वागत किया।

प्रो. अखिलेश सिंह ने निवर्तमान कुलपति प्रो. सत्यकाम से कुलपति पद का कार्यभार ग्रहण किया। इसके बाद उन्होंने विश्वविद्यालय के वरिष्ठ अधिकारियों, निदेशकों, शिक्षकों और कर्मचारियों से परिचय प्राप्त किया तथा शैक्षणिक एवं प्रशासनिक गतिविधियों की जानकारी ली।

अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे उच्च शिक्षा

कार्यभार ग्रहण करने के बाद प्रो. अखिलेश सिंह ने कहा कि मुक्त एवं दूरस्थ शिक्षा उच्च शिक्षा को समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने का प्रभावी माध्यम है। विश्वविद्यालय की शैक्षणिक गुणवत्ता में लगातार सुधार, विद्यार्थियों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराना और तकनीक के माध्यम से शिक्षा को अधिक सरल एवं सुलभ बनाना उनकी प्राथमिकता रहेगी।

उन्होंने कहा कि प्रवेश प्रक्रिया, अध्ययन सामग्री, विद्यार्थी सहायता सेवाओं और डिजिटल शिक्षा के क्षेत्र में नए प्रयोगों को बढ़ावा दिया जाएगा। विश्वविद्यालय की शैक्षणिक गतिविधियों को और प्रभावी बनाया जाएगा। उन्होंने शिक्षकों, अधिकारियों और कर्मचारियों से टीम भावना के साथ काम करते हुए विश्वविद्यालय की प्रगति में सक्रिय योगदान देने का आह्वान किया।

स्वतंत्रता दिवस समारोह की तैयारियों की समीक्षा

प्रो. अखिलेश सिंह ने विश्वविद्यालय में स्वतंत्रता दिवस समारोह को भव्य रूप से आयोजित करने के निर्देश दिए। उन्होंने समारोह के तहत होने वाले विभिन्न कार्यक्रमों की तैयारियों की समीक्षा भी की।

विश्वविद्यालय के जनसंपर्क अधिकारी डॉ. प्रभात चंद्र मिश्र ने बताया कि कार्यभार ग्रहण करने के बाद कुलपति ने विश्वविद्यालय की शैक्षणिक और प्रशासनिक गतिविधियों को बेहतर बनाने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि शिक्षार्थियों की सुविधा और शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार को प्राथमिकता देते हुए विश्वविद्यालय को तकनीक आधारित शिक्षा के क्षेत्र में और मजबूत बनाने की दिशा में कार्य किया जाएगा।

इस अवसर पर कुलसचिव, वित्त अधिकारी, विभिन्न विद्याशाखाओं के निदेशक, शिक्षक, अधिकारी, कर्मचारी और शोधार्थी मौजूद रहे।