Prayagraj News: Pizza Hut की बिक्री पर रोक, Domino’s से भी लिए गए सैंपल; खाद्य विभाग की बड़ी कार्रवाई

सिविल लाइंस के Pizza Hut में खाद्य सुरक्षा मानकों की कई कमियां मिलीं, कर्मचारियों के स्वास्थ्य प्रमाण पत्र से लेकर वेज-नॉनवेज स्टोरेज तक पर उठे सवाल

Prayagraj News: Pizza Hut की बिक्री पर रोक, Domino’s से भी लिए गए सैंपल; खाद्य विभाग की बड़ी कार्रवाई

प्रयागराज। उत्तर प्रदेश के प्रयागराज जिले में आम जनता के स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ करने वाले बड़े अंतरराष्ट्रीय खाद्य ब्रांड्स पर खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन (FSDA) विभाग ने सख्त कार्रवाई की है। सोमवार को खाद्य विभाग की टीम ने शहर के दो नामी पिज्जा आउटलेट्स—सिविल लाइंस स्थित पिज्जा हट (Pizza Hut) और बालसन चौराहा स्थित डोमिनोज पिज्जा (Domino’s Pizza) पर औचक छापेमारी की।

निरीक्षण के दौरान पिज्जा हट में स्वच्छता, स्वास्थ्य सुरक्षा और खाद्य मानकों का खुला उल्लंघन पाए जाने पर विभाग ने तत्काल प्रभाव से उसकी बिक्री पर रोक लगा दी है। वहीं, दोनों ही प्रमुख आउटलेट्स से खाद्य पदार्थों के सैंपल लेकर जांच के लिए राजकीय प्रयोगशाला भेजे गए हैं।


मंडलायुक्त के निर्देश पर चला विशेष अभियान

यह संपूर्ण कार्रवाई प्रयागराज के मंडलायुक्त (कमिश्नर) के सख्त निर्देशों के बाद शुरू की गई। खाद्य विभाग को लगातार शिकायतें मिल रही थीं कि ब्रांडेड आउटलेट्स पर भी खाद्य मानकों और हाइजीन का उचित पालन नहीं किया जा रहा है। इसी क्रम में मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी के नेतृत्व में खाद्य सचल दल (Mobile Food Safety Squad) ने सिविल लाइंस स्थित पिज्जा हट के परिसर में अचानक दबिश दी।


पिज्जा हट में पाई गईं ये गंभीर कमियां:

टीम जब सिविल लाइंस स्थित पिज्जा हट पहुंची, तो वहां रसोई से लेकर स्टोरेज एरिया तक खाद्य सुरक्षा मानकों की अनदेखी पाई गई। निरीक्षण में निम्नलिखित प्रमुख खामियां उजागर हुईं:

  1. शाकाहारी और मांसाहारी का रखरखाव एक साथ: डीप फ्रीजर के साथ-साथ भोजन बनाने के बर्तनों में वेज और नॉन-वेज सामग्री को अलग-अलग रखने का कोई स्पष्ट अलगाव (Segregation) नहीं था।
  2. कर्मचारियों की सुरक्षा व स्वास्थ्य: रसोई में पिज्जा बना रहे कर्मचारी न तो हेड कवर (टोपी) पहने थे और न ही एप्रन का प्रयोग कर रहे थे। इसके अलावा, कर्मचारियों के नियमित स्वास्थ्य परीक्षण के प्रमाण पत्र (Health Certificates) भी उपलब्ध नहीं कराए जा सके।
  3. गंदगी और जल निकासी की समस्या: आउटलेट के अंदर जल निकासी (Drainage System) की व्यवस्था अत्यंत खराब पाई गई, जिससे संक्रमण का खतरा बना हुआ था।
  4. एक्सपायर्ड सामान का अनुचित रखरखाव: खराब या एक्सपायर हो चुकी खाद्य सामग्रियों को सुरक्षित रूप से अलग रखने की कोई व्यवस्था नहीं थी।

कार्रवाई: इन गंभीर कमियों को देखते हुए खाद्य विभाग ने पिज्जा हट के प्रबंधकों को सुधार नोटिस जारी किया और "जब तक सभी व्यवस्थाएं दुरुस्त नहीं हो जातीं, तब तक बिक्री पूरी तरह बंद" रखने का आदेश दिया। इसके साथ ही, पिज्जा हट में इस्तेमाल हो रहे पनीर की गुणवत्ता संदिग्ध लगने पर उसका सैंपल लेकर जांच प्रयोगशाला भेजा गया।


डोमिनोज पिज्जा (बालसन चौराहा) पर भी गिरी गाज

पिज्जा हट पर कार्रवाई के तुरंत बाद खाद्य सुरक्षा टीम बालसन चौराहा स्थित डोमिनोज पिज्जा के आउटलेट पर पहुंची।

  • कागजातों की अनियमतता: निरीक्षण के दौरान डोमिनोज के पास खाद्य लाइसेंस तो मौजूद था, लेकिन आउटलेट संचालक आवश्यक दस्तावेज जैसे—पेस्ट कंट्रोल (कीट नियंत्रण) की रिपोर्ट, पानी की शुद्धता जांच रिपोर्ट (Water Testing Report) और वहां कार्यरत कर्मचारियों के मेडिकल सर्टिफिकेट दिखाने में पूरी तरह विफल रहे।
  • पिज्जा का नमूना लिया गया: डोमिनोज में बेचे जा रहे पिज्जा की गुणवत्ता को लेकर संदेह होने पर टीम ने पिज्जा का नमूना सील कर जांच के लिए भेजा।
  • नोटिस जारी: डोमिनोज प्रबंधन को भी पाई गई प्रशासनिक व तकनीकी कमियों को जल्द से जल्द दूर करने के लिए कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है।

प्रयोगशाला रिपोर्ट के आधार पर होगी आगे की विधिक कार्रवाई

खाद्य सुरक्षा विभाग के अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि पिज्जा हट और डोमिनोज पिज्जा, दोनों स्थानों से संग्रहित किए गए खाद्य नमूनों (Samples) को राज्य स्तरीय खाद्य प्रयोगशाला (Food Testing Lab) में परीक्षण के लिए भेज दिया गया है।

अधिकारियों का कहना है कि प्रयोगशाला से जांच रिपोर्ट आने के बाद खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम, 2006 (Food Safety and Standards Act, 2006) के तहत आगे की सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। यदि नमूनों में मिलावट या असुरक्षित खाद्य तत्व पाए जाते हैं, तो प्रतिष्ठानों के लाइसेंस रद्द करने के साथ-साथ भारी जुर्माना और कोर्ट केस दर्ज करने की प्रक्रिया अपनाई जाएगी।

जनता के स्वास्थ्य से समझौता नहीं

खाद्य विभाग के इस कड़े रुख से शहर के अन्य रेस्टोरेंट और फास्ट फूड आउटलेट संचालकों में हड़कंप मच गया है। अधिकारियों ने चेतावनी दी है कि चाहे कोई छोटा दुकानदार हो या बड़ा अंतरराष्ट्रीय ब्रांड, यदि ग्राहकों को गुणवत्ताहीन या अस्वास्थ्यकर भोजन परोसा जाएगा, तो किसी को भी बख्शा नहीं जाएगा। प्रयागराज में यह चेकिंग अभियान आगे भी जारी रहेगा।