एक लाख पार्थिव शिवलिंग पूजन के साथ मनाया गया महंत नरेश पुरी का पाटोत्सव
एक लाख पार्थिव शिवलिंग पूजन के साथ मनाया गया महंत नरेश पुरी का पाटोत्सव
हरिद्वार, 28 अगस्त श्री घाटा मेहंदीपुर बालाजी,राजस्थान के महंत नरेश पुरी महाराज का पांचवां पाटोत्सव शुक्रवार को हरिद्वार में श्रद्धा और उल्लास के साथ मनाया गया। इस अवसर पर एक लाख पार्थिव शिवलिंग पूजन एवं वैदिक यज्ञ का आयोजन किया गया,जिसमें बड़ी संख्या में संत-महात्माओं, महामंडलेश्वरों और श्रद्धालुओं ने भाग लिया।
महंत नरेश पुरी प्रतिवर्ष श्रावण मास में भगवान शिव की विशेष आराधना करते हैं। इसी परंपरा के तहत इस वर्ष पूरे श्रावण मास में एक लाख पार्थिव शिवलिंगों का विधि-विधान से पूजन कराया गया। सैकड़ों वेद विद्वानों ने वैदिक मंत्रोच्चार के बीच यज्ञ, अभिषेक और विभिन्न धार्मिक अनुष्ठान संपन्न कराए।
पाटोत्सव समारोह में संत समाज ने महंत नरेश पुरी के धार्मिक एवं सामाजिक कार्यों की सराहना करते हुए उन्हें शुभकामनाएं दीं। संतों ने कहा कि श्रावण मास भगवान शिव की आराधना के लिए विशेष महत्व रखता है और पार्थिव शिवलिंग पूजन का सनातन परंपरा में विशेष आध्यात्मिक महत्व है। ऐसे आयोजन वैदिक संस्कृति और सनातन परंपराओं के संरक्षण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
श्री पंचायती अखाड़ा महानिर्वाणी के सचिव एवं अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष श्रीमहंत रविंद्र पुरी महाराज ने महंत नरेश पुरी को पाटोत्सव की शुभकामनाएं देते हुए उनके स्वस्थ और दीर्घायु जीवन की कामना की। उन्होंने कहा कि संतों का जीवन धर्म, अध्यात्म और मानव कल्याण के लिए समर्पित होता है। एक लाख पार्थिव शिवलिंगों का पूजन और वैदिक यज्ञ सनातन परंपरा के संरक्षण और संवर्धन की दिशा में महत्वपूर्ण प्रयास है।
महंत नरेश पुरी ने कहा कि श्रावण मास भगवान शिव की आराधना के लिए अत्यंत पवित्र माना जाता है। धार्मिक अनुष्ठानों के माध्यम से समाज में धर्म और आध्यात्मिक चेतना का संदेश देने का प्रयास हर वर्ष किया जाता है। उन्होंने एक लाख पार्थिव शिवलिंग पूजन में सहयोग के लिए वेद विद्वानों तथा समारोह में पहुंचे संतों और श्रद्धालुओं का आभार जताया। समारोह में महामंडलेश्वर यतींद्रानंद गिरि सहित अनेक धर्माचार्य और संत उपस्थित रहे।