डॉ. धर्मेंद्र यादव बने EM India-2026 के National Faculty, देशभर के डॉक्टरों को सिखाई Mechanical Ventilation की तकनीक
MLN मेडिकल कॉलेज के एनेस्थीसियोलॉजी एवं क्रिटिकल केयर विभाग के एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. धर्मेंद्र यादव ने BHU वाराणसी में राष्ट्रीय सम्मेलन के दौरान चिकित्सकों को वेंटिलेटर के सुरक्षित और प्रभावी उपयोग का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया।
प्रयागराज, 11 सितंबर । मोतीलाल नेहरू मेडिकल कॉलेज, प्रयागराज के एनेस्थीसियोलॉजी एवं क्रिटिकल केयर विभाग के एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. धर्मेंद्र यादव ने चिकित्सा विज्ञान संस्थान, काशी हिंदू विश्वविद्यालय (आईएमएस-बीएचयू), वाराणसी में आयोजित राष्ट्रीय स्तर के आपातकालीन चिकित्सा सम्मेलन ईएम इंडिया-2026 में राष्ट्रीय फैकल्टी के रूप में सहभागिता की। उन्होंने देशभर से आए चिकित्सकों को मैकेनिकल वेंटिलेशन के विभिन्न पहलुओं का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया।
ईएम इंडिया-2026 का आयोजन 9 से 13 सितंबर तक वाराणसी में किया जा रहा है। इसके तहत 10 सितंबर को सर सुंदरलाल चिकित्सालय के डॉक्टर्स लाउंज में मैकेनिकल वेंटिलेशन कार्यशाला आयोजित की गई। इसमें देश के विभिन्न चिकित्सा संस्थानों से आए आपातकालीन चिकित्सा, एनेस्थीसियोलॉजी, क्रिटिकल केयर और बाल चिकित्सा के चिकित्सकों ने हिस्सा लिया।
कार्यशाला में मैकेनिकल वेंटिलेशन की मूल अवधारणाओं, वेंटिलेटर के विभिन्न मोड, प्रेशर-वॉल्यूम और फ्लो-वॉल्यूम लूप, वेंटिलेटर की सेटिंग तथा मरीज की स्थिति के अनुसार वेंटिलेशन की रणनीति पर विस्तार से जानकारी दी गई। गंभीर मरीजों में वेंटिलेटर के सुरक्षित और प्रभावी उपयोग के लिए प्रतिभागियों को व्यावहारिक प्रशिक्षण भी दिया गया।
डॉ. धर्मेंद्र यादव ने विशेष रूप से प्रेशर-वॉल्यूम और फ्लो-वॉल्यूम लूप के बारे में प्रशिक्षण दिया। उन्होंने बताया कि वेंटिलेटर पर भर्ती मरीज की स्थिति का सही आकलन करने, उपचार को मरीज की आवश्यकता के अनुसार बदलने और संभावित जटिलताओं की समय रहते पहचान करने में इन लूप्स की महत्वपूर्ण भूमिका होती है। उन्होंने प्रतिभागियों की जिज्ञासाओं का समाधान करते हुए गंभीर मरीजों में सुरक्षित और वैज्ञानिक तरीके से वेंटिलेशन प्रबंधन के महत्वपूर्ण पहलुओं की जानकारी दी।
डॉ. यादव ने कहा कि राष्ट्रीय स्तर की ऐसी कार्यशालाएं चिकित्सकों को नई चिकित्सा पद्धतियों और तकनीकों की जानकारी देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। इससे गंभीर मरीजों को बेहतर और सुरक्षित उपचार उपलब्ध कराने में मदद मिलती है। आईसीयू और आपातकालीन विभाग में भर्ती गंभीर मरीजों के उपचार में मैकेनिकल वेंटिलेशन का सही और समय पर उपयोग बेहद महत्वपूर्ण है।
मोतीलाल नेहरू मेडिकल कॉलेज के प्रधानाचार्य प्रो. (डॉ.) ए.के. वर्मा ने डॉ. धर्मेंद्र यादव को इस उपलब्धि पर बधाई दी। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय स्तर के शैक्षणिक मंच पर संस्थान के चिकित्सक का राष्ट्रीय फैकल्टी के रूप में चयन पूरे मेडिकल कॉलेज के लिए गौरव की बात है। इससे संस्थान की शैक्षणिक प्रतिष्ठा बढ़ती है और युवा चिकित्सकों को चिकित्सा शिक्षा, प्रशिक्षण एवं शोध के क्षेत्र में आगे बढ़ने की प्रेरणा मिलती है।
एनेस्थीसियोलॉजी एवं क्रिटिकल केयर विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. राजीव गौतम सहित अन्य चिकित्सकों ने भी डॉ. धर्मेंद्र यादव को बधाई दी और उनके शैक्षणिक योगदान को संस्थान के लिए महत्वपूर्ण उपलब्धि बताया।