जौनपुर हत्या कांड: 24 घंटे बाद रामघाट पर हुआ आजाद का अंतिम संस्कार, भारी विरोध के बाद माना परिवार
आजाद हत्याकांड: मंत्री गिरीश चंद्र यादव और पूर्व सांसद धनंजय सिंह के आश्वासन पर थमा आक्रोश, रामघाट पर दी गई मुखाग्नि
जौनपुर, 03 मई । जिले के बड़उर गांव में युवक की हत्या के बाद करीब 24 घंटे तक चले विरोध के बाद रविवार को मृतक आजाद का अंतिम संस्कार रामघाट पर किया गया। परिजनों ने आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग को लेकर पोस्टमार्टम के बाद शव का अंतिम संस्कार करने से इनकार कर दिया था।थाना अंतर्गत बड़उर गांव निवासी रामलखन के पुत्र आजाद की शुक्रवार को अज्ञात बदमाशों ने गोली मारकर हत्या कर दी थी। शनिवार शाम लगभग 6 बजे पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंपा गया, लेकिन परिजन आरोपियों की गिरफ्तारी और सख्त कार्रवाई की मांग को लेकर अड़े रहे। उन्होंने घर के सामने शव रखकर करीब 21 घंटे तक विरोध प्रदर्शन किया और अंतिम संस्कार से इनकार कर दिया।

रविवार सुबह तक स्थिति तनावपूर्ण बनी रही। परिजनों का कहना था कि जब तक मुख्य आरोपित की गिरफ्तारी और अन्य आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई नहीं होगी, तब तक वे अंतिम संस्कार नहीं करेंगे। उन्होंने आरोपियों के एनकाउंटर की भी मांग की।

मामले की गंभीरता को देखते हुए खेल एवं युवा कल्याण राज्यमंत्री गिरीश चंद्र यादव मौके पर पहुंचे और परिजनों से करीब एक घंटे तक वार्ता की। उन्होंने आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी का आश्वासन दिया। इसके बाद जिलाधिकारी डॉ. दिनेश चंद सिंह, पुलिस अधीक्षक कुंवर अनुपम सिंह, शाहगंज विधायक रमेश सिंह तथा पूर्व सांसद धनंजय सिंह भी मौके पर पहुंचे और परिजनों को समझाने का प्रयास किया।प्रशासन और जनप्रतिनिधियों के साथ लंबी वार्ता के बाद अंततः रविवार शाम करीब 04 बजे परिजन अंतिम संस्कार के लिए तैयार हुए। इसके बाद रामघाट पर मृतक के पिता ने मुखाग्नि देकर अंतिम संस्कार संपन्न कराया।घटना के बाद क्षेत्र में तनाव का माहौल बना रहा, हालांकि प्रशासन की सतर्कता और त्वरित कार्रवाई से स्थिति नियंत्रण में रही। पुलिस ने आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए टीमें गठित कर दी हैं और जल्द कार्रवाई का भरोसा दिलाया है।