मेडिकल शिक्षा और शोध को मिलेगी नई रफ्तार, राकेश गंगवाल ने दी ₹300 करोड़ की अतिरिक्त सहयोग राशि : प्रो. मणीन्द्र अग्रवाल

मेडिकल शिक्षा और शोध को मिलेगी नई रफ्तार, राकेश गंगवाल ने दी ₹300 करोड़ की अतिरिक्त सहयोग राशि : प्रो. मणीन्द्र अग्रवाल

मेडिकल शिक्षा और शोध को मिलेगी नई रफ्तार, राकेश गंगवाल ने दी ₹300 करोड़ की अतिरिक्त सहयोग राशि : प्रो. मणीन्द्र अग्रवाल

कानपुर, 24 अगस्त। इंजीनियरिंग, प्रौद्योगिकी और चिकित्सा के क्षेत्र में शोध और नवाचार की संभावनाओं को देखते हुए आईआईटी कानपुर ने 2021 में मेडिकल स्कूल स्थापित करने का निर्णय लिया था। वर्ष 2022 में राकेश गंगवाल के ₹100 करोड़ के सहयोग से इस दिशा में काम शुरू करने में मदद मिली। अब उनके ₹300 करोड़ के अतिरिक्त सहयोग से हमारा यह सपना और शीघ्र साकार होगा। यह सहयोग संस्थान के प्रति उनके विश्वास और प्रतिबद्धता को दर्शाता है। भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईटी) कानपुर की ओर से मैं उनका आभार व्यक्त करता हूं। यह बातें सोमवार को आईआईटी कानपुर के निदेशक प्रो. मणीन्द्र अग्रवाल ने कहीं।

आईआईटी कानपुर के विशिष्ट पूर्व छात्र एवं इंडिगो के सह-संस्थापक राकेश गंगवाल ने गंगवाल स्कूल ऑफ मेडिकल साइंसेज एंड टेक्नोलॉजी के विकास के लिए अतिरिक्त ₹300 करोड़ देने की घोषणा की है। वर्ष 2022 में वह स्कूल के लिए ₹100 करोड़ का योगदान दे चुके हैं। नई घोषणा के साथ गंगवाल स्कूल के लिए उनका कुल योगदान ₹400 करोड़ हो गया है।

नई प्रतिबद्धता के तहत राकेश गंगवाल अन्य सहयोगियों की ओर से दिए जाने वाले योगदान के बराबर अधिकतम ₹300 करोड़ तक की मैचिंग ग्रांट देंगे। इस पहल का उद्देश्य आईआईटी कानपुर में मेडिकल शिक्षा, शोध, क्लिनिकल इनोवेशन और मेडटेक के क्षेत्र में विकास को गति देना है। इसके साथ पूर्व छात्रों, समाजसेवियों और अन्य शुभचिंतकों को भी स्कूल के विकास में योगदान के लिए प्रेरित किया जाएगा।

गंगवाल स्कूल की विकास योजनाओं में आईआईटी कानपुर परिसर में 500 बेड का सुपर-स्पेशियलिटी अस्पताल और 200 बेड के प्रस्तावित कैंसर केयर एवं रिसर्च सेंटर की स्थापना शामिल है। इन सुविधाओं के जरिए मेडिकल शिक्षा, क्लिनिकल रिसर्च और बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं को बढ़ावा देने की योजना है।

स्कूल के माध्यम से डॉक्टरों, शोधकर्ताओं, इंजीनियरों और तकनीकी विशेषज्ञों को एक साथ लाकर स्वास्थ्य क्षेत्र की चुनौतियों के समाधान विकसित करने पर जोर दिया जाएगा। इसका उद्देश्य चिकित्सा विज्ञान को आईआईटी कानपुर की इंजीनियरिंग, विज्ञान और प्रौद्योगिकी विशेषज्ञता से जोड़ना है।

गंगवाल स्कूल ऑफ मेडिकल साइंसेज एंड टेक्नोलॉजी के हाल ही में नियुक्त डीन प्रो. अनिल के. लालवानी ने कहा कि राकेश गंगवाल का योगदान इस बात का उदाहरण है कि एक व्यक्ति भी बड़े बदलाव की शुरुआत कर सकता है। चिकित्सा, प्रौद्योगिकी और नवाचार को समाज की सेवा के लिए एक साथ लाने का स्कूल का विजन आईआईटी कानपुर से आगे तक प्रभाव डाल सकता है।

राकेश गंगवाल ने कहा कि इस अभिनव और अपनी तरह की पहली मेडिकल संस्था का हिस्सा बनना उनके लिए सम्मान और गर्व की बात है।

गंगवाल स्कूल ऑफ मेडिकल साइंसेज एंड टेक्नोलॉजी का उद्देश्य चिकित्सा विज्ञान को आईआईटी कानपुर की इंजीनियरिंग, विज्ञान और प्रौद्योगिकी विशेषज्ञता के साथ जोड़ना है। स्कूल उन्नत शैक्षणिक कार्यक्रमों, बहुविषयक शोध, भविष्य की चिकित्सा और मेडटेक नवाचार को बढ़ावा देने पर केंद्रित है।