प्रधानमंत्री मोदी के दौरे से पहले बदला बनारस शहर का स्वरूप, लंबित प्रशासनिक फाइलों का निस्तारण

—-सात दिनों में निपटाए लंबित 300 से अधिक म्यूटेशन व 800 से अधिक जन्म-मृत्यु प्रमाण पत्र

प्रधानमंत्री मोदी के दौरे से पहले बदला बनारस शहर का स्वरूप, लंबित प्रशासनिक फाइलों का निस्तारण

वाराणसी, 27 अप्रैल । प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के मंगलवार (28 अप्रैल) को वाराणसी दौरे को लेकर जहां जिला प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद है। वहीं, नगर निगम भी शहर की सड़कों से लेकर गलियों को चमकाने के लिए 22 अप्रैल से ही सप्तााहव्यापी महा-सफाई अभियान चला रहा था। इस क्रम में निगम एक हफ्ते में करीब 1456 टन अतिरिक्त कूड़े का निस्तारण कराया है। दूसरी ओर पिछले सात दिनों में म्यूटेशन (दाखिल-खारिज) और जन्म-मृत्यु प्रमाण पत्र से संबंधित सैकड़ों लंबित आवेदनों को निपटाकर जनता को बड़ी राहत दी है।

प्रधानमंत्री के आगमन के मद्देनजर चलाए गए सप्ताहव्यापी महा-सफाई अभियान' के दौरान कूड़ा उठान में अभूतपूर्व तेजी आई है। नगर आयुक्त हिमांशु नागपाल ने सोमवार को बताया कि पिछले सात दिनों में कुल 1456 टन कचरे का निस्तारण किया है। सफाई व्यवस्था को प्रभावी बनाने के लिए हर वार्ड में विशेष टीमें तैनात की गई हैं और 'सेंट्रल कमांड' के जरिए सीधे निगरानी की जा रही है। उन्होंने बताया कि सामान्य दिनों में जहां 1000 टन कचरा निकलता था, वहीं अब 1200 से 1300 टन तक कचरे का निस्तारण किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि सफाई के साथ-साथ निगम का जोर लंबित कार्यों को शत-प्रतिशत पूरा करने पर था। इसके तहत सात दिनों के आठों जोनों में विशेष अभियान चलाकर 849 जन्म-मृत्यु प्रमाण पत्र और 301 दाखिल-खारिज आवेदनों का निस्तारण किया गया है। सबसे अधिक काम ऋषि मांडवी जोन में जन्म-मृत्यु प्रमाणपत्र 183 और वरुणापार जोन में दाखिल-खारिज 76 के मामलों में हुआ है। इस सप्ताहव्यापी महा-अभियान में महापौर अशोक कुमार तिवारी स्वयं भी मैदान में उतरे। 22 अप्रैल से शुरू हुए इस अभियान के तहत महापौर ने प्रतिदिन सुबह 7.30 बजे से नौ बजे तक विभिन्न वार्डों का दौरा कर साफ-सफाई व्यवस्था का जायजा लिया।