जागृति शुक्ला मौत प्रकरण: हाईकोर्ट ने दिए न्यायिक जांच के आदेश, रिटायर्ड जस्टिस अरुण टंडन करेंगे जांच

जागृति शुक्ला मौत प्रकरण: हाईकोर्ट ने दिए न्यायिक जांच के आदेश, रिटायर्ड जस्टिस अरुण टंडन करेंगे जांच

जागृति शुक्ला मौत प्रकरण: हाईकोर्ट ने दिए न्यायिक जांच के आदेश, रिटायर्ड जस्टिस अरुण टंडन करेंगे जांच

प्रयागराज, 10 जून । अधिवक्ता जागृति शुक्ला की मौत के मामले में इलाहाबाद हाईकोर्ट ने बुधवार को बड़ा और महत्वपूर्ण आदेश पारित करते हुए पूरे प्रकरण की न्यायिक जांच कराने के निर्देश दिए हैं। अदालत ने मामले की निष्पक्ष और स्वतंत्र जांच सुनिश्चित करने के लिए रिटायर्ड जस्टिस अरुण टंडन की अध्यक्षता में जांच कराए जाने का आदेश दिया है।

इस मामले को लेकर दाखिल दोनों जनहित याचिकाओं पर एक साथ सुनवाई करते हुए कोर्ट ने कहा कि मामले की सच्चाई सामने आना आवश्यक है और इसके लिए पारदर्शी जांच की जरूरत है।

सुनवाई के दौरान अदालत ने डॉक्टरों की ओर से चल रही हड़ताल पर भी चिंता व्यक्त की। कोर्ट ने डॉक्टरों से तत्काल हड़ताल समाप्त कर सामान्य चिकित्सा सेवाएं बहाल करने की अपील की। साथ ही अदालत ने उन्हें यह आश्वासन भी दिया कि जांच प्रक्रिया पूरी होने तक उनकी गिरफ्तारी नहीं की जाएगी। हाईकोर्ट ने स्पष्ट किया कि जांच निष्पक्ष तरीके से आगे बढ़ाई जाएगी और किसी भी पक्ष के साथ अन्याय नहीं होने दिया जाएगा।

वहीं, अदालत ने अधिवक्ताओं को भी संयम बरतने की सलाह देते हुए हड़ताल, चक्का जाम और अन्य विरोध प्रदर्शनों से दूर रहने को कहा। कोर्ट ने कहा कि न्यायिक प्रक्रिया पर भरोसा बनाए रखना सभी पक्षों की जिम्मेदारी है और किसी भी प्रकार का आंदोलन जनसामान्य के हितों को प्रभावित कर सकता है।

जागृति शुक्ला की मौत के बाद प्रदेश भर में इस मामले को लेकर विभिन्न संगठनों और वर्गों में नाराजगी देखने को मिली थी। मामले की जांच और कार्रवाई को लेकर लगातार सवाल उठ रहे थे। ऐसे में हाईकोर्ट द्वारा न्यायिक जांच के आदेश को पूरे प्रकरण में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। अदालत ने मामले की अगली सुनवाई 27 जुलाई को निर्धारित की है। अब सभी की निगाहें न्यायिक जांच की प्रक्रिया और उसकी रिपोर्ट पर टिकी हुई हैं।