उत्तर मध्य रेलवे मुख्यालय में विश्व पर्यावरण दिवस पखवाड़े पर पर्यावरण जागरूकता साइकिल रैली व पौधरोपण

उत्तर मध्य रेलवे मुख्यालय में विश्व पर्यावरण दिवस पखवाड़े पर पर्यावरण जागरूकता साइकिल रैली व पौधरोपण

उत्तर मध्य रेलवे मुख्यालय में विश्व पर्यावरण दिवस पखवाड़े पर पर्यावरण जागरूकता साइकिल रैली व पौधरोपण

प्रयागराज, 18 मई । रेलवे बोर्ड के निर्देशानुसार उत्तर मध्य रेलवे द्वारा इस वर्ष विश्व पर्यावरण दिवस पखवाड़े का आयोजन 15 मई से 05 जून तक किया जा रहा है। इस वर्ष विश्व पर्यावरण दिवस की थीम जलवायु परिवर्तन निर्धारित की गई है। इसी शृंखला में सोमवार को उत्तर मध्य रेलवे मुख्यालय में विभिन्न पर्यावरण अनुकूल गतिविधियों का आयोजन किया गया।

-पर्यावरण जागरूकता साइकिल रैली निकाली

वरिष्ठ जनसम्पर्क अधिकारी अमित मालवीय ने बताया कि लोगों में पर्यावरण के प्रति चेतना जगाने के उद्देश्य से एक साइकिल रैली निकाली गई। इस रैली का नेतृत्व महाप्रबंधक उत्तर मध्य रेलवे नरेश पाल सिंह एवं प्रमुख मुख्य यांत्रिक इंजीनियर अनिल कुमार द्विवेदी ने किया। रैली में अन्य विभागाध्यक्ष, अधिकारी और कर्मचारी भी शामिल हुए। साइकिल रैली के समापन के पश्चात महाप्रबंधक, सभी विभागाध्यक्षों, अधिकारियों और कर्मचारियों द्वारा रेलगाँव कॉलोनी में पौधरोपण किया गया।

-सिंगल यूज़ प्लास्टिक के खिलाफ मुहिम

प्लास्टिक और उससे बनी वस्तुओं के उपयोग को हतोत्साहित करने के उद्देश्य से सफाई कर्मियों को कपड़े के थैले और स्टील की बोतलें वितरित की गईं। इस पूरे कार्यक्रम में उत्तर मध्य रेलवे महिला कल्याण संगठन की टीम ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। संगठन की अध्यक्ष श्रीमती हीमा चौहान सिंह, सचिव श्रीमती साधना कुमार, सदस्य राखी द्विवेदी एवं अन्य सदस्यों ने स्वयं उपस्थित रहकर पर्यावरण मित्रों को कपड़े के थैले और स्टील की बोतलें वितरित की।

इस अवसर पर महाप्रबंधक ने सभी को पर्यावरण संरक्षण और जलवायु परिवर्तन के प्रति संवेदनशील रहने का आह्वान किया। उन्होंने प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण में सक्रिय योगदान देने तथा अधिक से अधिक पौधरोपण करने का संदेश दिया। प्रधान मुख्य यांत्रिक इंजीनियर ने सभी प्रतिभागियों के प्रति हार्दिक कृतज्ञता व्यक्त की।

पीआरओ ने बताया कि यह आयोजन राजेश कुमार जाटव एवं मनीष कुमार के नेतृत्व में पर्यवेक्षकों की टीम द्वारा कराया गया। 05 जून तक चलने वाले इस पखवाड़े के दौरान विभिन्न प्रतियोगिताएं, श्रमदान, सेमिनार, नुक्कड़ नाटक, वृहद पौधरोपण तथा कपड़े के थैलों व स्टील की बोतलों का वितरण जैसी पर्यावरण केंद्रित गतिविधियां निरंतर आयोजित की जाती रहेंगी।